Dinesh Aastik
रुढ़ियों को लोग इसलिए मानते हैं, क्योंकि उनके सामने रुढ़ियों को तोड़ने के उदहारण पर्याप्त मात्र में नहीं हैं। लोगों को इस ख़्याल का जोर से प्रचार करना चाहिए की मज़हब और खुदा गरीबों के सबसे बड़े दुश्मन हैं।
– राहुल सांकृत्यायन
(9 अप्रैल 1893 – 14 अप्रैल 1963)
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