बुधवार, 9 अगस्त 2017

जरा सोचें

Ahmed Kaleem
जिस देश में राजनीती, चुनाव मज़हब के आधार पर हो, क्या वो देश कभी विकास कर सकता है?

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें