सत्य को जानने की कोशिश करनी चाहिए. सत्य जानने के लिए उलट पुलट हर तरह के विचार पढ़ कर सोचना चाहिए. किसी लोखी गई या कही गई बात को आँख बंद कर नहीं मानना चाहिए.
सत्य ही सुन्दर है. सत्य ही कल्याणकरी है.
"आतंकवादी का कोई धर्म नहीं होता" अपने आपमें एक कुतर्क है धर्म बचाने का, वरना उसके जनाजे में न तो धार्मिक हुजूम उमड़ता न तो रीती-रिवाज से उसका अंतिम संस्कार!
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