बुधवार, 9 नवंबर 2016

गणित

---- गणित---
सपना देखा, सत्ताईस साल का हूँ|27|
सुबह नींद खुली  सड़सठ हो गया|67|
घटाकर देखा तो चालीस बढ़ गया|40|
लोकिन मन में अंतर कुछ न मिला|0O|

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें