मंगलवार, 4 अगस्त 2020

बाबा का संविधान नहीं हमारा संविधान

हमारे देश के संविधान सभा में 200 सदस्य थे ।  कई कमेटी बनाई गई थी ।  सब की राय से संविधान की धाराएं तय किये गये । इसलिए हमारे संविधान को अम्बेडकर का या बाबा कासंविधान कहना गलत है । 
            अम्बेडकर जी को ड्राफ्टिंग कमेटी के अध्यक्ष बनाया गया था उनकी योग्यता के लिए । संविधान की ड्राफ्टिंग की  का दायित्व किसी अच्छे ऐडवोकेट को ही दे सकते थे  ताकि संविधान  कानूनी दृष्टि से सटीक हो, स्पष्ट हो।
    
            सभी कार्यालय में लिपिक होते हैं जो ड्राफ्टिंग करते हैं । अधिकारी जो कहते बोलते हैं उसे वे उचित शब्दों में सजाकर लिखते हैं । कोर्ट में जबाब देने के लिए उस लिपिक को ड्राफ्टिंग करने के लिए कहा जाता है जिसे विधि भाषा की कुछ जानकारी हो।

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