रविवार, 27 अक्टूबर 2019

परिवर्तन ही गति है वर्ना मौत

कोई भी अपने समाज ,धर्म , अपने देश के संविधान को अधिक जानता समझता है, दूसरे का कम ।
इसलिये अपने समाज धर्म संविधान की कमी को उजागर कर उसमें संशोधन परिवर्तन के लिये सोच विचार करना चाहिए ।
परिवर्तन ही गति है वर्ना मौत ।

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