शराब बेंचने से बहुत ज्यादा लाभ होता है । यह लाभ व्यवसायी ले रहे थे । इस बात को छत्तीसगढ़ की रमन सरकार समझ गई । शराब बिक्री सरकार द्वारा की जाने लगी । बहुत अधिक आय हो रही है ।
जहाँ शराबबंदी है वहां के कुछ लोग चोरी छिपे बाहर से लाकर पीते हैं । याने धनी लोग जो पीना चाहें वे पीते ही हैं ।
शराब सुलभ होने से मध्यम और निम्न आर्थिक स्थिति वालों के परिवार को सामाजिक आर्थिक कष्ट होता है । फिर भी पीने वाले पीते हैं
शराब दुकान में आधार जोड़ कर उन्हें कोई सरकारी सहायता, सुविधा, छूट..नहीं देना चाहिए । शराबियों को कोई सरकारी सुविधा का हक नहीं होना चाहिए ।
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